पूर्वांचल विधुत निगम को निजी हाथों में देना जनता के खिलाफ

कासगंज, यूपी

ब्यूरो चीफ- अशोक शर्मा

एक दिवसीय कार्यबहिष्कार कर विधुत कर्मचारियों ने आंदोलन को किया ऐलान

बोले विधुत को निजी हाथों में सौपकर कमाना चाहती है एक ही बार में भरपूर मुनाफा

एंकर उत्तर प्रदेश पूर्वांचल विधुती करण को निजी हाथो में सौपे जाने को लेकर विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के आहवान पर कासगंज के विधुत कर्मियों ने कार्यबहिष्कार कर एक दिवसीय हडताल पर रहे।इस दौरान उन्होंने निजीकरण को लेकर पुरजोर विरोध किया। साथ ही विधुती करण को हर संभव निजी हाथो में न दिये जाने का ऐलान किया।

विधुत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले कार्य बहिष्कार कर हडताल पर बैठे कर्मचारियों का नेतृत्व जेई शैलेंद्र सारस्वत ने
कहा कि देश के अन्य स्थानों, जैसे ओडिशा, दिल्ली, औरंगाबाद, नागपुर, जलगांव, उज्जैन, ग्वालियर, भागलपुर, गया और मुजफ्फरपुर में बिजली क्षेत्र का निजीकरण असफल रहा है। उन्होंने दावा किया कि निजीकरण जनता के खिलाफ है, क्योंकि इससे बिजली महंगी हो जाएगी। पूर्वांचल विधुत निगम लिमिटेड कंपनी है, जोकि बिजली बैचती है। सरकार चाहती है कि निजी हाथो में देकर एक ही बार भरपूर मुनाफा कमा लें, जिससे जनता का सीधा अहित होगा। ऐसा प्रदेश के 15 लाख कर्मचारी नहीं होने देंगे। चाहे उन्हे लगातार हडताल उग्र आंदोलन क्यो नही करना पडे, जो निर्देश समिति के केंद्रीय नेताओ के मिलेंगे वह उनका हर संभव साथ लेकर फोलों करेंगे।