बाबरी मुकदमें में सभी निर्दोष ! निर्णय का स्वागत

जिला मुख्यालय से समाचार संपादक मीनाक्षी वर्मा की रिपोर्ट

  • एएचपी अध्यक्ष डॉ प्रवीण तोगड़िया
    दिल्ली / अहमदाबाद,

    अयोध्या में बाबरी ढाँचा गिरने पर 32 हिंदुओं पर तत्कालीन सरकार ने मुकदमा किया, सर्वोच्च न्यायालय ने सीबीआई कोर्ट को वह मुकदमा वर्ग किया और 28 वर्षों में कई सरकारें बदली, फिर भी सन्माननीयों पर का यह मुकदमा किसी सरकार ने वापस नहीं लिया। आज लखनऊ सीबीआई न्यायालय ने सभी 32 को निर्दोष घोषित किया इस निर्णय का हम एएचपी अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद, राष्ट्रीय बजरंग दल द्वारा स्वागत करते हैं। पू. महंत रामचंद्र परमहंस दास जी, पू. महंत अवैद्यनाथ जी, मा. अशोकजी सिंघल, मा. विष्णु हरि दालमिया जी, मा. गिरिराज किशोर जी और अन्य 17 जो आज जीवित ही नहीं, उन के होते यह निर्णय आता तो बहुत अच्छा होता। देरी से ही सही, न्याय मिला। अब धर्मस्थान यथास्थिति कानून 1993 निरस्त कर के भगवान काशी विश्वनाथ और मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि के भव्य मूल मंदिर भी बने। संसद में बहुमत है।