NSUI कार्यकर्ताओं ने जीवाजी विश्वविद्यालय के गेट पर जड़ा ताला, पुलिस ने किया गिरफ्तार,धरने का टेंट हटाया

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ग्वालियर।  जीवाजी विश्वविद्यालय में धारा 52 लगाने और कुलपति संगीता शुक्ला को हटाने की मांग को लेकर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर धरना दे रहे NSUI के कार्यकर्ताओं को आज पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। धरना दे रहे कार्यकर्ताओं ने आज कुलपति निवास के सामने वाले मेन गेट पर ताला जड़ दिया। विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस ने उन्हें बहुत देर तक समझाया लेकिन जब छात्र नहीं माने तो SDM के निर्देश पर पुलिस ने उन्हें बल पूर्वक गिरफ्तार कर लिया और धरने के लिए लगाये गए उनके टेंट को उखाड़ कर जब्त कर लिया।

दरअसल, जीवाजी विश्वविद्यालय में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए बीती 28 जून से NSUI आन्दोलन पर है। छात्र नेताओं का कहना कि इन सबके लिए कुलपति संगीता शुक्ला जिम्मेदार हैं इसलिए उन्हें पद से हटाया जाये और विश्व विद्यालय में धारा 52 लगाई जाए। इसे लेकर प्रदेश महासचिव सचिन द्विवेदी के नेत्रत्व में 10 छात्रों का एक दल 450 किलोमीटर की पैदल यात्रा पर है जो आज वहां पहुँच गया। और्व्कल राज्यपाल मुख्यमंत्री और उच्च शिक्षा मंत्री से मुलाकात करेगा। उधर एक दूसरा दल राघव कौशल के नेतृत्व में जीवाजी विश्व विद्यालय के मुख्य द्वार पर अनिश्चितकालीन धरने पर है। कल इन कार्यकर्ताओं ने अर्धनग्न होकर प्रदर्शन भी किया था।

आज इन कार्यकर्ताओं ने कुलपति निवास के सामने वाले गेट पर तालाबंदी कर दी।  कार्यकर्ताओं ने यहाँ काले झंडे दिखाते हुए वीसी गो बेक के नारे भी लगाए। तालाबंदी के चलते स्टूडेंट्स और टीचर्स के साथ अन्य स्टाफ को बहुत परेशानी हुई। जेयू प्रबंधन ने NSUI कार्यकर्ताओं को बहुत समझाने की कोशिश की। लेकिन कार्यकर्ता नहीं माने।  शाम के समय अचानक भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी वहां पहुंचे। उन्होंने पहले बातचीत के जरिये आंदोलन कर रहे छात्रों को ताला खोलने के लिए कहा लेकिन जब वे नहीं माने तो पुलिस ने ताला तोड़ दिया और आन्दोलन कर रहे 7 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया । इसके बाद पुलिस और प्रशासन की टीम जेयू के दूसरे गेट पर पहुंची और वहां चल रहे धरने के लिए लगे टेंट को उखाड़ कर जब्त कर लिया और यहाँ बैठे 1 और कार्यकर्ता को भी गिरफ्तार कर लिया।

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