कुलपति प्रो. मनोज दीक्षित को दी गयी स्नेहपूर्ण विदाई

अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय अयोध्या के कुलपति प्रो0 मनोज दीक्षित का शुक्रवार को उनके कार्यकाल पूरे होने पर भव्य विदाई सम्मान समारोह कौटिल्य प्रशासनिक भवन में किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के शिक्षकों ने कुलपति के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की एवं उनके द्वारा विश्वविद्यालय के विकास में किये कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर कुलपति प्रो0 दीक्षित ने शिक्षकों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आर्शीवचन देते हुए कहा कि आप सभी अपने कर्तव्य पथ अग्रसर रहे। विश्वविद्यालय एक परिवार है। इसमें सभी का सहयोग महत्वपूर्ण माना जाता है। आज विश्वविद्यालय ने आप सभी के सहयोग से नई ऊचाईयों को प्राप्त किया है।

प्रो0 दीक्षित ने सभी शिक्षकों अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विश्वविद्यालय के प्रति निष्ठावान बनकर कार्य करने की अपेक्षा की है।कार्यक्रम में प्रति कुलपति प्रो0 एसएन शुक्ल ने कहा कि कुलपति का कार्यकाल विश्वविद्यालय के इतिहास में स्वर्णिम काल के रूप में जाना जायेगा। मुख्य नियंता प्रो0 अजय प्रताप सिंह ने कहा कि कुलपति जी की अद्वितीय प्रशासनिक क्षमता ने विश्वविद्यालय में एक नया बदलाव लाया है। वे हम सभी के लिये आजीवन स्मरणीय रहेंगे।

कार्यपरिषद सदस्य ओम प्रकाश सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय एवं अयोध्या के लिये समर्पित कुलपति जी का योगदान कभी भुलाया नही जा सकेगा। वरिष्ठ पत्रकार इन्दु भूषण पाण्डेय ने कहा कि विलक्षण प्रतिभा के धनी कुलपति जी ने विश्वविद्यालय को नई दिशा प्रदान की है। एमबीए विभाग के पूर्व विभाागध्यक्ष प्रो. आरएन राय ने कहा कि विश्वविद्यालय में संसाधनों की कमी को पूर्ण कर कुलपति ने एक नया आदर्श प्रतिमान स्थापित किया है। अर्थशास्त्र एवं ग्रामीण विकास की प्रो0 मृदुला मिश्रा ने कहा कि कुलपति जी कार्यशैली आदर्श कार्यों का एक मानक बन गई है।

कभी किसी को निराश नही किया। कार्यक्रम का संचालन प्रो. रमापति मिश्र ने किया। इस अवसर पर प्रो. जसवंत सिंह, प्रो. हिमांशु शेखर सिंह, प्रो. विनोद श्रीवास्तव, प्रो. चयन कुमार मिश्र, प्रो. आशुतोष सिंन्हा, डॉ. राजेश सिंह, प्रो. सिद्धार्थ शुक्ला, प्रो. शैलेन्द्र कुमार, प्रो. शैलेन्द्र वर्मा, डॉ. सुधीर श्रीवास्तव, डॉ. विजयेन्दु चतुर्वेदी, डॉ. आरएन पाण्डेय, डॉ. विनोद चौधरी, इंजीनियर अवधेश यादव, इंजीनियर पारितोष त्रिपाठी, इंजीनियर परिमल त्रिपाठी, इंजीनियर रमेश मिश्र, जैनेन्द्र कुमार, डॉ. मुकेश वर्मा, डॉ. राजेश सिंह सहित बड़ी संख्या में सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन करते हुए शिक्षक एवं अन्य उपस्थित रहे।